भारत ने 2036 ओलिंपिक गेम्स की मेजबानी के लिए अहमदाबाद का नाम इंटरनेशनल ओलिंपिक कमेटी (IOC) के सामने पेश किया है। मंगलवार को स्विट्जरलैंड के लॉजान में हुई बैठक में केंद्रीय खेल मंत्रालय, गुजरात सरकार और IOA अध्यक्ष पीटी ऊषा सहित भारतीय प्रतिनिधिमंडल ने IOC के सामने अपनी बात रखी।
ये मीटिंग ऐसे वक्त में हुई, जब नई इंटरनेशनल ओलिंपिक काउंसिल (IOC) अध्यक्ष कर्स्टी कोवेन्ट्री ने भविष्य के ओलिंपिक होस्ट बिडिंग प्रोसेस पर रोक लगा दी थी। IOC सदस्य चाहते हैं कि मेजबान देश के चुनाव में उनकी भूमिका ज्यादा हो, इसीलिए एक वर्किंग ग्रुप बनाकर नई प्रक्रिया तैयार की जाएगी। 2036 ओलिंपिक की दौड़ में भारत अकेला नहीं है। सऊदी अरब, इंडोनेशिया, तुर्किये (टर्की) और चिली जैसे देश भी मेजबानी की दौड़ में शामिल हैं।
पिछले वर्ष 1 अक्टूबर को भारत सरकार ने आईओसी को एक आशय पत्र भेजकर खेलों की मेजबानी की इच्छा व्यक्त की थी।
अहमदाबाद को क्यों चुना गया?
भारत ने पहली बार ओलंपिक के लिए किसी शहर के नाम की आधिकारिक घोषणा की है। भारतीय ओलंपिक समिति ने कहा, अहमदाबाद में ओलंपिक का आयोजन करके 60 करोड़ युवा भारतीयों को पहली बार देश में ओलंपिक देखने का मौका मिलेगा। इसके साथ ही भारत 'वसुधैव कुटुंबकम' का संदेश देगा और ओलंपिक को दुनिया भर के लोगों के लिए एक पारिवारिक अनुभव बनाएगा।
Agle Samar Olympic Kahan Honge
भारत ने अब तक 3 बहु-खेल खेलों की मेजबानी की है। देश ने आखिरी बार 2010 में राष्ट्रमंडल खेलों की मेजबानी की थी। इससे पहले 1982 और 1951 के एशियाई खेल भी भारत में आयोजित हो चुके हैं।
IOC का नया बदलाव
नए आईओसी अध्यक्ष ने कहा कि आईओसी सदस्यों ने मांग की थी कि उन्हें चुनाव प्रक्रिया में बड़ी भूमिका दी जाए। इसीलिए नई मेजबानी नीति पर पुनर्विचार के लिए एक कार्य समूह का गठन किया जाएगा।
Also Read: Biggest T20I wins by Indian women team














